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|---|---|---|---|
| 29651 | छाद्नु | स.क्रि. | २. कलमले मसी उकेल्नु। |
| 29652 | छाद्नु | स.क्रि. | ३. भन्न नचाहेको कुरो करकापमा परेर भन्न बाध्य हुनु। |
| 29653 | छाद | ना. | १. खाएर पेटमा पुगिसकेको वस्तु कुनै कारणवश उल्टी भएर निस्कने शारीरिक प्रक्रिया; वमन; बान्ता;वाक। |
| 29654 | छाद | ना. | २. बान्ता गरेको वस्तु; उल्टी। |
| 29655 | छादक | ना. | १. घर छाउने व्यक्ति। |
| 29656 | छादक | ना. | वि. २. ढाक्ने, छोप्ने (वस्तु)। |
| 29657 | छादन | ना. | १. घरको छाउनी; छानो; छ। |
| 29658 | छादन | ना. | २. ढाक्ने वा छोप्ने काम। |
| 29659 | छादन | ना. | ३. पर्दा। |
| 29660 | छादित | वि . | छाइएको; छोपिएको; ढाकिएको। |
| 29661 | छादिनु | क.क्रि. | छाद्ने काम गरिनु। |
| 29662 | छान्नु | स.क्रि. | १. चाहिने वा असल वस्तु छुट्ट्याउनु; बिन्नु;केलाउनु। |
| 29663 | छान्नु | स.क्रि. | २. मन पराउनु; रोज्नु। |
| 29664 | छान्नु | स.क्रि. | ३. खोज्नु; पत्तो लाउनु। |
| 29665 | छान्नु | स.क्रि. | १. कपडा, जाली, चाल्नी आदिद्वारा चाल्ने काम गरेर खस्रो र मसिनु वस्तु छुट्ट्याउने काम गर्नु। |
| 29666 | छान्नु | स.क्रि. | २. त्यसरी नै तरल पदार्थमा परेका थेगर आदि छुट्ट्याउनु। |
| 29667 | छानछिन | ना. | १. लिएको वा खाएको रिन छिनाफाना हुने काम; फर्स्यौट; छिनाफाना। |
| 29668 | छानछिन | ना. | २. परस्परमा भएको झगडा सिद्धिने क्रिया; फैसला; अन्तिम निर्णय। |
| 29669 | छानबिन | ना. | १. छान्ने र बिन्ने काम; रोज्ने र रुचिको वस्तु ग्रहण गर्ने काम। |
| 29670 | छानबिन | ना. | २. खोजतलास गर्ने काम; राम्ररी तथ्य पत्तो लगाउने काम। |
| 29671 | छानबिन | ना. | ३. तलासी लिएर कुनै कुरो बिन्ने अर्थात् केलाउने कार्य। |
| 29672 | छाना | ना. | छानु; छ। |
| 29673 | छानिनु | क.क्रि. | १. छान्ने काम गरिनु; रोजिनु; चुनिनु। |
| 29674 | छानिनु | क.क्रि. | २. केलाइनु। |
| 29675 | छानिनु | क.क्रि. | ३. चालिनु। |
| 29676 | छानिनु | क.क्रि. | ४. खोजिनु। |
| 29677 | छानु//छानो | ना. | घर, कटेरा, गोठ आदिलाई घामपानीबाट सुरक्षित राख्नका निम्ति मास्तिर हालिने खर, टाली वा टायल, टिन आदिको छादन; छाना। |
| 29678 | छान्दस | वि. | छन्दस्नामक उपनिषद्सम्बन्धी; वेदसम्बन्धी; वैदिक। |
| 29679 | छान्दोग्य | ना. | १. सामवेदका ब्राह्मणको एक भाग। |
| 29680 | छान्दोग्य | ना. | २. दश उपनिषद्मध्ये एक। |
| 29681 | छान्ना | ना. | १. दहीमा पानी हालेर मथेको तरल पदार्थ; पखाले। |
| 29682 | छान्ना | ना. | २. राइता। |
| 29683 | छान्ना | ना. | ३. सिकर्नी। |
| 29684 | छान्ना | ना. | ४. लस्सी। |
| 29685 | छाप्नु | स.क्रि. | १. ब्लक, टाइप आदिका सहायताले चित्र वा अक्षर निकाल्नु; पुस्तक, पत्रपत्रिका आदि मुद्रण गर्नु। |
| 29686 | छाप्नु | स.क्रि. | २. छापाद्वारा कपडा आदिमा बुट्टा हाल्नु; छिप्नु। |
| 29687 | छाप्नु | स.क्रि. | १. इँट, ढुङ्गा, फलेक आदि भुइँमा मिलाएर ओछ्याउनु; सेलिङ् गर्नु। |
| 29688 | छाप्नु | स.क्रि. | २. रुवालाई कपडा आदिले ढाकेर मोहोर्नु। |
| 29689 | छाप्नु | स.क्रि. | ३. छोप्नु; ढाक्नु। |
| 29690 | छाप | ना. | १. रङमा चोपेर कागत, कपडा आदिमा छाप लगाउनका निम्ति अक्षर काटिएको वा चित्र कुँदिएको साधन। |
| 29691 | छाप | ना. | २. त्यसैबाट छापिएको अक्षर वा चित्र; छापा। |
| 29692 | छाप | ना. | ३. साँचामा ढालेर बनाइएको टिको। |
| 29693 | छाप | ना. | ४. गहिरो प्रभाव; असर। |
| 29694 | छाप | ना. | ५. कुनै काम गरेबापत जुनीभर आयस्ता खान पाउने गरी सरकारबाट दिइएको जमिन; थापाको खान्गी; थपालो (उदा.- दिवानछाप, भोटेछाप, रामेछाप इ.)। |
| 29695 | छाप | ना. | ६. ठाउँ; थलो। |
| 29696 | छापाछाप | क्रि.वि. | प्रत्येक छाप अर्थात् ठाउँ नबिराइने गरी; हरेक ठाउँमा; ठावैँपिच्छे; सर्वत्र। |
| 29697 | छापछापती / छापछापी | क्रि.वि. | अझ छापछाप हुने गरी। |
| 29698 | छाप टिकी | ना. | हे.छापटिको। |
| 29699 | छाप टिके | वि. | छापटिको लगाउने (व्यक्ति)। |
| 29700 | छाप टिको | ना. | निधारमा श्रीखण्ड वा अरू कुनै लेपको काँक्रीबियाँको आकारमा ठाडो त्रिशूलजस्तो पारेर लगाइने टिको। |