|
|
|
|
|
|---|---|---|---|
| 34101 | झर्रो | वि. | १. धुलो आदि झट्कारेर सफा पारिएको। |
| 34102 | झर्रो | वि. | २. नबिटुलिएको, चोखो, शुद्ध। |
| 34103 | झर्रो | वि. | ३ बाबुआमाको गुण लिएको, बाबुआमासँग काटीकुटी मिल्ने। |
| 34104 | झर्रो | वि. | ४. बाहिरी प्रभाव नपरेको। |
| 34105 | झर्रो | वि. | ५. निम्नतम सामाजिक पूर्वाधार पूरा गरी तल्लो जातीय कोटिबाट माथिल्लो कोटिमा प्रवेश गरेको ना. ६. त्यसरी माथिल्लो कोटिमा पुगेको कुनै व्यक्ति। |
| 34106 | झर्रोवाद | ना. | २०१३ सालतिर बनारसमा अध्ययन गर्ने भाषाप्रेमी व्यक्तिहरूले नेपाली भाषाको चोखो प्रयोगका लागि चलाएको, भाषामा सकेसम्म देशज र तद्भव शब्द मात्र प्रयोग गर्नुपर्छ भन्ने मतमा आधारित अभियान। |
| 34107 | झर्रोवादी | वि. | झर्रोवादको अनुयायी, झर्रोवादलाई अगाडि बढाउन प्रयास गर्ने (व्यक्ति)। |
| 34108 | झऱ्याइँ | ना. | झर्रो हुनाको भाव, गुण, अवस्था वा विशेषता, रोपना, विशुद्धता। |
| 34109 | झलक | ना. | १. घाम बत्ती वा बिजुली आदिको चहकिलो रूप, चमक, चहक; आमा। |
| 34110 | झलक | ना. | २. नजानिँदो झल्को धमिलो सम्झना, झझल्को। |
| 34111 | झलक | ना. | ३. सम्झना। |
| 34112 | झलकदार | वि. | झलक वा चमक भएको; झल्कने; चहकदार। |
| 34113 | झलक्क | क्रि.वि. | १. एकै छिन मात्र देखापर्ने गरी; झुलुक्क। |
| 34114 | झलक्क | क्रि.वि. | २. निमेषभर चम्कने वा झल्किने भएर। |
| 34115 | झलक्क | क्रि.वि. | ३. एकै छिन देखेको भरमा सम्झँदै। |
| 34116 | झलझल | क्रि.वि. | १. कुनै वस्तु लगातार झल्कने गरी झलमलाउँदो भएर। |
| 34117 | झलझल | क्रि.वि. | २. बारम्बार सम्झने किसिमले; झलझली। |
| 34118 | झलझलाइ | ना. | झलझलाउने भाव, क्रिया वा प्रक्रिया। |
| 34119 | झलझलाइनु | क.क्रि. | झलझलाउने होइन। |
| 34120 | झलझलाउँदो | वि. | झलझल गर्ने वा हुने, झलमलाउँदो। |
| 34121 | झलझलाउनु | अ.क्रि | चहकमहक देखिने गरी चलमलाउनु झलमलाउनु। |
| 34122 | झलझलाहट | ना. | झलझल हुने भाव, क्रिया वा अवस्था; झलझलाइ। |
| 34123 | झलझली / झलझलती | क्रि.वि. | लगातार झलझल भएर। |
| 34124 | झलमल | क्रि.वि. | १. घाम बत्ती आदिको उज्यालो वा कुनै वस्तुको सौन्दर्य देखिने गरी झलझल ना. २. रामरमिता, रमाइलो। |
| 34125 | झलमल्ल | क्रि.वि. | चारैतिर झलमल हुने गरी वा सौन्दर्य छरिएर, झलमल। |
| 34126 | झल्कनु | अ.क्रि. | १. सौन्दर्य वा प्रकाशले झल्ल हुनु, चम्कनु टल्कनु। |
| 34127 | झल्कनु | अ.क्रि. | २. मनमा कुनै आकृति, भाव वा सौन्दर्यको झल्का आउनु। |
| 34128 | झल्कनु | अ.क्रि. | ३. सम्झनु, भान पर्नु, उस्तै लाग्नु। |
| 34129 | झल्कनु | अ.क्रि. | झल्कने - वि. टलक भएको, चमकदार। |
| 34130 | झल्कने | वि. | टलक भएको; चमकदार। |
| 34131 | झल्काइ | ना. | झल्कने वा झल्काउने क्रिया-प्रक्रिया। |
| 34132 | झल्काइनु | क.क्रि. | झल्कने पार्नु। |
| 34133 | झल्काइलो | ना. | झल्कने खालको ; चमकदार। |
| 34134 | झल्काउनु | स.क्रि. / प्रे.क्रि. | बत्ती वा बिजुलीको प्रकाश फैलाउनु,। |
| 34135 | झल्को | ना. | १. कुनै वस्तु वा व्यक्ति देख्नासाथ हुने अस्पष्ट आभास हो कि, हो कि लाग्ने सम्झना; झझल्को। |
| 34136 | झल्को | ना. | २. मिथ्याभास; प्रतीति भान। |
| 34137 | झल्को | ना. | ३. चमक; झलक; टलक। |
| 34138 | झल्ट्याङमुल्टुङ / झल्ड्याङमुल्डुङ | ना. | १. हात, काँध आदिमा झुन्ड्याउँदा हल्लिने पोकापोकी, झिटीमिटी, झिटी झाम्टा। |
| 34139 | झल्ट्याङमुल्टुङ / झल्ड्याङमुल्डुङ | ना. | क्रि.वि. २. त्यस्तो पोकापोकी वा झिटीझाम्टा हल्लाउँदै झुन्ड्याउने गरी; झागलझुडुगल। |
| 34140 | झल्याँस्स | क्रि.वि | १. मस्त निद्रामा पनि एकाएक बिउँझने गरी एक्कासि चेतना वा होसमा आएर। |
| 34141 | झल्याँस्स | क्रि.वि | २. अचानक सम्झने किसिमले। |
| 34142 | झल्याकझुलुक | क्रि.वि | १. झरिलो वस्तु वा उज्यालो यदाकदा देखिने गरी; कहिलेकाहीँ मात्र घाम आदि देखिने चालसँग। |
| 34143 | झल्याकझुलुक | क्रि.वि | २. कुनै व्यक्ति वा वस्तु फाटफुट देखिने गरी; आकलझुकल। |
| 34144 | झल्याक्क | क्रि.वि | एक झमट देखिने वा झल्किने गरी। |
| 34145 | झल्याङकुलुङ | क्रि.वि. | १. यताउति हल्लने वा हल्लाउने गरी झल्ट्याडकुल्टुङ। |
| 34146 | झल्याङकुलुङ | क्रि.वि. | २. कहिलेकाहीं; कताकति; आकलझुकल। |
| 34147 | झल्ल | क्रि.वि | १. केही छिनका लागि चम्कने वा टल्कने गरी झल्कने किसिमले। |
| 34148 | झल्ल | क्रि.वि | २. चारैतिर छरिएर उज्यालो फैलने गरी झलमल्ल। |
| 34149 | झल्लझल्ल | क्रि.वि | बारम्बार झल्ल भएर। |
| 34150 | झल्लर | ना. | मन्दिरका छाना, चंदुवा, छाता, कुल आदिका छेउछाउमा शोभाका निम्ति चारैतिर झुन्डिएका मुजादार कपडा वा झुम्का। |