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| 5951 | खच्काइ | ना. | खच्कने क्रिया वा प्रक्रिया | |
| 5952 | खच्काइनु | क.क्रि. | खच्कन लाइनु, खस्काइनु, दच्काइनु। |
| 5953 | खच्काउनु | प्रे. क्रि. | खच्कन लाउनु, खस्काउनु; दच्काउनु। |
| 5954 | खच्किनु | अ.क्रि. | खस्किनु; दच्किनु, हच्किनु। |
| 5955 | खच्को | ना. | काम रोकिने स्थिति। |
| 5956 | खच्चड/खच्चर | ना. | १. गधा र घोडीको संयोगबाट जन्मिएको पशु। |
| 5957 | खच्चड/खच्चर | ना. | वि. २. वर्णसङ्कर; ठिमाहा, ठिम्मल। |
| 5958 | खच्चड / खच्चर डाक | ना. | इ. १८६० अप्रिलदेखि १८६१ अक्टोबरसम्म 'पोन्नी एक्सप्रेस' का नाउँले प्रचलित, खच्चरबाट हुलाक ओसारपसार गर्ने डाक। |
| 5959 | खच्याकखुचुक | क्रि. यो. | कुनै चिज खजमजिने ढाँचा वा किसिमले। |
| 5960 | खच्याङखच्याङ | क्रि. यो. | १. तामदान, डोली आदि बोकेर छिटछिटो हिँड्दा, बोकाइको तालमा आउने आवाजको किसिमले। |
| 5961 | खच्याङखच्याङ | क्रि. यो. | २. खोरन्डाहरूको हिँडाइको चालमा। |
| 5962 | खच्याङखुचुङ | ना. | १. सानोतिनो खालको काम; खत्र्याकखुत्रुक काम वा कुरो। |
| 5963 | खच्याङखुचुङ | ना. | २. अप्ठेरो बाटो वा ठाउँ। |
| 5964 | खजमज | ना. | कुनै सरसामान यताको उता हुने अवस्था; अस्तव्यस्त हुने स्थिति; छासमिस; गजमौरो। |
| 5965 | खजमजिनु | अ.क्रि. | यताका उता हुनु, मेलोमेसो नै नपाइने गरी मिसिनु; छासमिस हुनु। |
| 5966 | खजमज्याइ | ना. | खजमज्याउने काम वा किसिम। |
| 5967 | खजमज्याइनु | क.क्रि. | खजमज पारिनु। |
| 5968 | खजमज्याउनु | प्रे.क्रि. | खजमज पार्नु। |
| 5969 | खजाना | ना. | १. मालसामान राखिने ढुकुटी; भँडार। |
| 5970 | खजाना | ना. | २. लडाइँका सरसामान; हातहतियार। |
| 5971 | खजान्ची | ना. | १. कुनै व्यक्ति वा संस्थाको खजाना जिम्मा लिने अधिकारी। |
| 5972 | खजान्ची | ना. | २. कोषाध्यक्ष। |
| 5973 | खजान्ची | ना. | ३. कौसी तोसाखानाका हाकिम। |
| 5974 | खजित | वि. | १. खचाखच भएको; भरिभराउ। |
| 5975 | खजित | वि. | २. थुप्याइएको; चाङ लगाइएको। |
| 5976 | खजुर | ना. | टुप्पामा मात्र बाँसका ढाँचाका पात हुने, पहेँलो ल फुल्ने र छोहराका जस्ता फल फल्ने स्तम्भजस्तो ठुलो काण्ड हुने एक बोट; खर्जूर। |
| 5977 | खजुर टाँका | ना. | लुगा सिउँदा धागो फुक्न नदिनका निम्ति पहिले खुटेर सिउने सिलाइ। |
| 5978 | खजुरा | ना. | मल्लिँडो नामको झारमा फल्ने जिराजस्तो मसिनु एक प्रकारको फल। |
| 5979 | खजुरी | ना. | घिउचिनी र पिठो मुछेर पकाइने एक किसिमको चक्कादार मिठाई। |
| 5980 | खजुरो | ना. | धेरै खुट्टा हुने, कन्सुत्लोजस्तो तर अलि ठुलो एक विषालु किरो। |
| 5981 | खजूर | ना. | टुप्पामा मात्र बाँसका ढाँचाका पात हुने, पहेँलो ल फुल्ने र छोहराका जस्ता फल फल्ने स्तम्भजस्तो ठुलो काण्ड हुने एक बोट; खर्जूर। |
| 5982 | खज्याङमज्याङ | क्रि. यो. | कुनै चिज वा कुरो खजमजिने किसिमले; खजमज हुने गरी। |
| 5983 | खज्यौरी | ना. | थाकलको बोटमा फल्ने, काँचोमा हरिया तथा पाकेपछि काला दाना हुने र खाइने एक फल। |
| 5984 | खञ्ज | वि. | लङ्गडो; खोरन्डो। |
| 5985 | खञ्जन | ना. | जजमानी वृत्तिमा लागेको दयापात्र बाहुन वा दुःखी, सिधा र निर्दोष ब्राह्मण। |
| 5986 | खट्नु | अ.क्रि. | १. गर्नुपर्ने वा गरिने काममा सकेसम्म लागिपर्नु; धेरै मिहिनेत गर्नु। |
| 5987 | खट्नु | अ.क्रि. | २. जिउको माया नगरी काम गर्नु। |
| 5988 | खट | ना. | १. चाडपर्वमा देवदेवी बोकेर हिँडाइने काठको सिंहासन वा खटिया। |
| 5989 | खट | ना. | २. मुर्दा बोक्ने यान, शवयान। |
| 5990 | खट | ना. | ३. घरमन्दिर बनाउँदा डकर्मी, ज्यामी आदि बसेर काम गर्न बनाइने काठ, बाँस आदिको टाँड | |
| 5991 | खटखट | क्रि. यो. | १. ढोका, काठ आदिमा ठोक्दा वा हिर्काउँदा आवाज आउने किसिमले। |
| 5992 | खटखट | क्रि. यो. | २. घिउतेल छड्कँदा शब्द निस्कने किसिमसँग। |
| 5993 | खटखटाइ | ना. | खटखटाउने क्रिया वा प्रक्रिया | |
| 5994 | खटखटाइनु | अ.क्रि. | १ झ्यालढोका आदिबाट खटखट आवाज निस्कनु। |
| 5995 | खटखटाइनु | अ.क्रि. | २. घिउतेल आदि कट्कनु। |
| 5996 | खटखटाउनु | स.क्रि. | खटखट पार्नु, ढोकामा औँलाले हिर्काउनु। |
| 5997 | खटछप्पर | ना. | पलङ वा खाटमाथि झुल अड्याउन जडिएका ठाडा र तेर्सा काठ, डन्डी आदि। |
| 5998 | खटन | ना. | १. कुनै वस्तु खटाएर वा अड्कलेर दिने काम। |
| 5999 | खटन | ना. | २. कसैलाई काममा पठाइने निधो ; नियुक्ति। |
| 6000 | खटन | ना. | ३. अहोट; आज्ञा। |